जिस दिल में आपकी याद रहे(Jis Dil Main Aapki Yaad Rahe)

जिस दिल में आपकी याद रहे

प्रभु दिल मेरा वो दिल करदो

राही न सही मंजिल की तरफ

राही की तरफ मंजिल करदो


मन में भी अनेक विकारों ने

डटकर के डेरा डाल लिया

इस छल मन से यदि प्रेम है तो

जन मन का मन निर्मल करदो

जिस दिल में आपकी याद रहे

प्रभु दिल मेरा वो दिल करदो


पाकर मैं आपकी भक्ति प्रभु

वह थे जो झूमते मस्ती में

करुणा करके राजेश को भी प्रभु

उन मस्तों में शामिल कर दो

जिस दिल में आपकी याद रहे

प्रभु दिल मेरा वो दिल करदो


रंगलो अपने रंग में मुझको

जिससे न कुसंग का रंग चढ़े

दुनिया के प्रेम में पागल हूँ

अपना करके पागल करदो

जिस दिल में आपकी याद रहे

प्रभु दिल मेरा वो दिल करदो

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ये अटल भरोसा प्यारे, खाली ना जाएगा (Ye Atal Bharosa Pyare Khali Na Jayega)

ये अटल भरोसा प्यारे,
खाली ना जाएगा,

मेरे उठे विरह में पीर(Mere Uthe Virah Me Pir)

मेरे उठे विरह में पीर,
सखी वृन्दावन जाउंगी ॥

मेरी मैया ने ओढ़ी लाल चुनरी (Meri Maiya Ne Odhi Laal Chunari)

मेरी मैया ने ओढ़ी लाल चुनरी,
हीरो मोती जड़ी गोटेदार चुनरी,

भालचंद्र संकष्टी चतुर्थी पर बन रहे मंगलकारी योग

सनातन धर्म में चतुर्थी तिथि का विशेष महत्व होता है, क्योंकि यह दिन भगवान गणेश को समर्पित होता है। इस दिन भक्त भगवान गणेश की आराधना कर सुख-समृद्धि और सफलता की कामना करते हैं। संकष्टी चतुर्थी का व्रत करने से सभी बाधाएं दूर होती हैं और जीवन में शुभ फल प्राप्त होते हैं।

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